37गढ़ हॉस्पिटल का घिनौना खेल: ठेकेदार का सामान जबरन हड़पा, डॉक्टर गणेश पटेल चुप्पी साधे.. पढ़े पूरी खबर!!

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रायगढ़@टक्कर न्यूज :- शहर के चर्चित 37गढ़ हॉस्पिटल में निर्माण कार्य के नाम पर ठेकेदारों की मेहनत लूटने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। ठेकेदार नंदलाल चौहान ने कोतरा रोड थाने में शिकायत दर्ज कराई है कि हॉस्पिटल के नवनिर्मित भवन में ठेके पर काम करने के बाद उनका सामान जबरन हड़प लिया गया है। आरोप है कि हॉस्पिटल से जुड़े टीका राम पटेल ने न सिर्फ सामान वापस करने से इनकार किया, बल्कि गाली-गलौज कर भाग जाओ कि धमकी भी दी। क्या यह हॉस्पिटल मरीजों का इलाज करने के बजाय ठेकेदारों को ठगने का अड्डा बन गया है?
शिकायतकर्ता नंदलाल चौहान (41 वर्ष), पेशे से ठेकेदार, ने बताया कि नवंबर 2024 से उन्होंने हॉस्पिटल के निर्माण में ठेके पर काम लिया था। काम पूरा होने के बावजूद टीका राम पटेल ने 150 नग लकड़ी के बल्ली, 8 नग स्लट एंगल, 24 नग नट-बोल्ट और 20 पीस प्लाई को जबरन अपने कब्जे में रख लिया। चौहान का आरोप है कि पटेल न तो हिसाब दे रहा है और न ही सामान लौटा रहा, जबकि यह सामान किराए पर लिया गया था। इससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हो रहा है। “यह सामान रोकने का उन्हें कोई हक नहीं है, लेकिन वे जबरदस्ती दादागिरी कर रहे हैं,” चौहान ने कहा।
मामला और गंभीर तब हो जाता है जब पता चलता है कि 37गढ़ हॉस्पिटल के संचालक डॉक्टर गणेश पटेल इस पूरे प्रकरण में चुप्पी साधे हुए हैं। हमारी टीम ने डॉक्टर पटेल से उनका पक्ष जानने के लिए संपर्क किया, लेकिन उनके असिस्टेंट ने कहा जोभी है मुझे बताओ। असिस्टेंट ने कहा, “मामला बताएं, हम डॉक्टर साहब से चर्चा करेंगे,” लेकिन जब पक्ष सीधे डॉक्टर से लेने की बात आई तो उन्होंने “थोड़ी देर में बात करेंगे” कहकर टाल दिया। घंटों इंतजार के बाद भी डॉक्टर पटेल ने न तो कॉल बैक किया और न ही कोई बयान दिया। क्या डॉक्टर पटेल इस लूट में शामिल हैं या हॉस्पिटल की छवि बचाने के लिए चुप हैं? यह सवाल शहरवासियों के मन में घूम रहा है।
कोतरा रोड थाने में लिखित शिकायत में चौहान ने पुलिस से अपील की है कि टीका राम पटेल के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर सामान वापस दिलाया जाए। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, जल्द जांच की जाएगी। लेकिन हॉस्पिटल की ऊंची पहुंच के चलते क्या न्याय मिलेगा? रायगढ़ के लोग अब सवाल उठा रहे हैं कि क्या 37गढ़ हॉस्पिटल जैसे संस्थान, जो स्वास्थ्य सेवा के नाम पर करोड़ों कमाते हैं, ठेकेदारों और मजदूरों का शोषण करने से बाज आएंगे? यह मामला शहर में हॉस्पिटल प्रबंधन की पारदर्शिता पर बड़ा सवाल खड़ा करता है।
अगर डॉक्टर गणेश पटेल और हॉस्पिटल प्रबंधन में थोड़ी भी ईमानदारी बची है, तो वे तुरंत अपना पक्ष रखें और ठेकेदार को न्याय दें। अन्यथा, यह साबित होगा कि मरीजों के इलाज के पीछे लूट का बड़ा खेल चल रहा है। पुलिस से अपील है कि इस मामले की गहन जांच कर दोषियों को सजा दी जाए। सो.”दैनिक खबर सार”



